टीम इंडिया के पूर्व कप्तान और महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) पर जमकर नाराजगी जाहिर की है। उनकी यह नाराजगी भारत के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत की चोट के बाद सामने आई है। गावस्कर का कहना है कि ICC को अपने नियमों की समीक्षा करनी चाहिए ताकि खिलाड़ियों को चोट लगने की स्थिति में सही तरीके से रिप्लेसमेंट (बदलाव) की अनुमति दी जा सके।
हाल ही में खेले गए एक मैच के दौरान ऋषभ पंत को गेंद सीधा उनकी आंख के पास लग गई थी। यह गेंद एक शॉर्ट बॉल थी जो अचानक से उठ गई और पंत खुद को बचा नहीं पाए। इसके बाद पंत को मैदान से बाहर जाना पड़ा और भारत को उनकी कमी खली। इसी घटना ने सुनील गावस्कर को नाराज कर दिया।
गावस्कर ने कहा, “अगर आप शॉर्ट बॉल नहीं खेल सकते तो फिर आप टेनिस या गोल्फ खेलिए। क्रिकेट में शॉर्ट बॉल एक सामान्य रणनीति है। लेकिन अगर इस तरह की गेंदों से खिलाड़ी घायल हो रहे हैं, तो ICC को नियमों में बदलाव करने की ज़रूरत है ताकि रिप्लेसमेंट की अनुमति मिल सके।” गावस्कर का मानना है कि सिर्फ कोविड जैसी बीमारियों या सिर में चोट (कन्कशन) के लिए रिप्लेसमेंट की अनुमति देना काफी नहीं है। अगर किसी खिलाड़ी को शरीर के किसी और हिस्से में गंभीर चोट लगती है, तो भी टीम को उसका रिप्लेसमेंट मिलना चाहिए ताकि टीम को नुकसान न हो। उन्होंने कहा, “अगर बल्लेबाज के सिर में चोट लगती है तो रिप्लेसमेंट मिलता है, लेकिन अगर आंख, हाथ या पैर में चोट लगे तो नहीं? क्या यह सही है?”
गावस्कर ने जोर देकर कहा कि क्रिकेट अब पहले जैसा खेल नहीं रहा, खिलाड़ियों पर अब बहुत ज़्यादा दबाव होता है। ऐसे में अगर कोई खिलाड़ी चोटिल हो जाता है, तो उसकी जगह एक और खिलाड़ी को खेलने की इजाजत मिलनी चाहिए, ताकि टीम का संतुलन बना रहे।

