मध्य पूर्व में तनाव एक बार फिर उबाल पर है। इज़रायल द्वारा ईरान के परमाणु ठिकानों पर शुरू किए गए ‘ऑपरेशन राइजिंग लायन’ के जवाब में क्षेत्र में हालात तनावपूर्ण हो गए हैं।
तेहरान में रिहायशी इलाकों को निशाना बनाने के आरोपों के बीच, ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई ने कड़ी चेतावनी जारी की है। उनका कहना है कि इज़रायल को इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। वहीं इज़रायली सेना (IDF) का कहना है कि ईरान की ओर से 100 से अधिक ड्रोन हमले किए गए हैं।
सैन्य शक्ति: किसके पास कितनी ताक़त?
बजट की बात करें तो…
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इज़रायल का रक्षा बजट: लगभग 19 अरब डॉलर
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ईरान का रक्षा बजट: करीब 7.4 अरब डॉलर
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इज़रायल की GDP अनुपात के अनुसार यह निवेश ईरान से लगभग दोगुना है।
वायु शक्ति:
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इज़रायल के पास लगभग 340 आधुनिक फाइटर जेट्स, जिनमें F-15 और F-35 जैसे एडवांस एयरक्राफ्ट शामिल हैं।
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ईरान के पास लगभग 320 फाइटर जेट्स, जिनमें से कई पुराने अमेरिकी मॉडल हैं (F-4, F-5, F-14) जो 1960-70 के दशक के हैं और तकनीकी रूप से पिछड़े माने जाते हैं।
मिसाइल डिफेंस सिस्टम:
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इज़रायल के पास है अत्याधुनिक Iron Dome और Arrow-3 जैसे इंटरसेप्टर सिस्टम जो कम दूरी की मिसाइलों से लेकर बैलिस्टिक मिसाइलों तक को रोकने में सक्षम हैं।
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ईरान के पास मिसाइल हमले की आक्रामक क्षमता है — अनुमानित 3,000+ बैलिस्टिक मिसाइलें।
नौसेना ताक़त:
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ईरान: करीब 220 नौसैनिक जहाज़, हालांकि इनमें से अधिकांश तकनीकी रूप से आउटडेटेड हैं।
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इज़रायल: लगभग 60 एडवांस नेवी प्लेटफॉर्म्स, जो आधुनिक टेक्नोलॉजी से लैस हैं।
तकनीकी व साइबर डोमेन में कौन भारी?
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इज़रायल दुनिया के सबसे उन्नत साइबर और इलेक्ट्रॉनिक युद्ध कौशल वाले देशों में शामिल है।
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लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि ईरान, साइबर अटैक के मामले में प्रभावी पलटवार करने की स्थिति में आ चुका है।
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ईरान के रक्षा अधिकारियों का दावा है कि उन्होंने हाल ही में 200 से अधिक साइबर हमले नाकाम किए हैं।
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जबकि इज़रायल पर भी 3,000+ साइबर अटैक्स अक्टूबर 2023 से अब तक दर्ज किए गए हैं।
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परमाणु स्थिति: कौन कितना खतरनाक?
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इज़रायल परमाणु शक्ति रखने वाला एकमात्र ऐसा देश है जो इसपर खुलकर बयान नहीं देता, लेकिन माना जाता है कि उसके पास 80–100 तक परमाणु हथियार हैं।
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ईरान पर परमाणु हथियार बनाने के आरोप हैं, लेकिन वह इनकार करता है। हालांकि, संवर्धित यूरेनियम के स्टॉक के चलते चिंता लगातार बनी हुई है।
जनशक्ति और भूगोल
| पैमाना | ईरान | इज़रायल |
|---|---|---|
| आबादी | ~89 मिलियन | ~10 मिलियन |
| सक्रिय सैनिक | ~600,000 | ~170,000 |
| क्षेत्रफल | ~1.6 मिलियन किमी² | ~22,000 किमी² |
लॉन्ग रेंज और छाया युद्ध
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इज़रायल की रणनीति: लंबी दूरी से एयरस्ट्राइक और टारगेटेड अटैक, जिसमें उच्च पदस्थ सैन्य अधिकारियों और संवेदनशील ठिकानों को निशाना बनाना शामिल है।
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ईरान की रणनीति: ड्रोन और प्रॉक्सी वारफेयर, जिसमें हिज़्बुल्लाह, हमास और हूती विद्रोहियों जैसे संगठनों को समर्थन देना शामिल है।
विशेषज्ञों की राय
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कई जानकार मानते हैं कि इस टकराव के पूर्ण युद्ध में बदलने की संभावना फिलहाल कम है, क्योंकि दोनों देशों की प्राथमिकता रणनीतिक जीत है, न कि व्यापक संघर्ष।
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फिर भी, राजनीतिक दबाव, घरेलू अस्थिरता या क्षेत्रीय घटनाएं इस संतुलन को बिगाड़ सकती हैं।

