एशिया कप 2025 को लेकर माहौल गर्म है। 9 सितंबर से यूएई में शुरू होने वाले इस टूर्नामेंट के लिए भारतीय टीम का चयन 19 अगस्त को किया जाएगा। टीम में जगह बनाने के लिए कई खिलाड़ी रेस में हैं, लेकिन सिर्फ 15 खिलाड़ियों को ही स्क्वॉड में चुना जाएगा। भारत अपना पहला मैच 10 सितंबर को खेलेगा।
एशिया कप का पहला संस्करण साल 1984 में शारजाह (यूएई) में आयोजित हुआ था। इसमें सिर्फ तीन टीमें – भारत, पाकिस्तान और श्रीलंका – शामिल हुई थीं। राउंड-रॉबिन फॉर्मेट में खेले गए इस टूर्नामेंट में हर टीम ने एक-दूसरे से मुकाबला किया।
पहले एशिया कप के लिए भारत का स्क्वॉड बेहद मजबूत था। सुनील गावस्कर कप्तान थे और टीम में दिलीप वेंगसरकर, संदीप पाटिल, रवि शास्त्री और रोजर बिन्नी जैसे स्टार खिलाड़ी शामिल थे। इसके अलावा चेतन शर्मा, मदन लाल और मनोज प्रभाकर जैसी युवा ऊर्जा भी टीम का हिस्सा रही।
भारत का 1984 एशिया कप स्क्वॉड:
सुनील गावस्कर (कप्तान), सुरिंदर खन्ना (विकेटकीपर), गुलाम परकर, दिलीप वेंगसरकर, संदीप पाटिल, रवि शास्त्री, कीर्ति आजाद, रोजर बिन्नी, मदन लाल, मनोज प्रभाकर, चेतन शर्मा।
भारत ने पाकिस्तान और श्रीलंका दोनों को हराकर खिताब अपने नाम किया था। पॉइंट्स टेबल में टीम इंडिया सबसे ऊपर रही, जबकि श्रीलंका दूसरे और पाकिस्तान तीसरे स्थान पर रहा।
41 साल बाद, एक बार फिर एशिया कप का रोमांच यूएई में ही देखने को मिलेगा। इस बार मुकाबले और भी बड़े होंगे और भारत की कोशिश होगी कि वह एक बार फिर एशिया का बादशाह बनकर उभरे। टूर्नामेंट का फाइनल 28 सितंबर को खेला जाएगा।

