नई दिल्ली: भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने दक्षिण अमेरिकी देश अर्जेंटीना को उसके ऐतिहासिक क्रांति दिवस के अवसर पर शुभकामनाएं दी हैं। इस मौके पर उन्होंने दोनों देशों के बीच मजबूत होते रणनीतिक संबंधों और बहुपक्षीय सहयोग की भी सराहना की।
सोशल मीडिया के ज़रिए भेजा संदेश
डॉ. जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक आधिकारिक पोस्ट के माध्यम से अर्जेंटीना के विदेश मंत्री गेरार्डो वेर्थिन को टैग करते हुए शुभकामनाएं साझा कीं। उन्होंने लिखा:
“क्रांति दिवस के अवसर पर अर्जेंटीना की जनता और सरकार को हार्दिक बधाई। भारत और अर्जेंटीना की रणनीतिक साझेदारी को हम अत्यधिक महत्व देते हैं और भविष्य में और भी घनिष्ठ सहयोग की आशा करते हैं।“
भारत-अर्जेंटीना संबंध: सहयोग का विस्तार
भारत और अर्जेंटीना के रिश्ते कई दशकों से प्रगाढ़ रहे हैं। विज्ञान और प्रौद्योगिकी, रक्षा, अंतरिक्ष, कृषि, और हरित ऊर्जा जैसे विविध क्षेत्रों में सहयोग लगातार बढ़ रहा है। खासकर लिथियम जैसे खनिज संसाधनों की उपलब्धता के कारण अर्जेंटीना भारत की ऊर्जा सुरक्षा रणनीति में एक प्रमुख साझेदार बनकर उभरा है।
सांस्कृतिक आदान-प्रदान की बात करें तो भारतीय योग, फिल्में और व्यंजन अर्जेंटीना में तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं, जिससे दोनों देशों के बीच जनता स्तर पर जुड़ाव भी गहरा हो रहा है।
क्रांति दिवस: अर्जेंटीना के इतिहास का गौरवशाली क्षण
हर साल 25 मई को अर्जेंटीना में ‘मई क्रांति’ की स्मृति में क्रांति दिवस मनाया जाता है। 1810 में ब्यूनस आयर्स में शुरू हुए इस आंदोलन को स्पेनिश उपनिवेशवाद के खिलाफ आज़ादी की पहली चिंगारी के रूप में देखा जाता है। यह दिवस राष्ट्रगौरव और देशभक्ति के भाव से पूरे देश में धूमधाम से मनाया जाता है।
विश्व मंच पर साझेदारी की नई दिशा
जयशंकर का यह संदेश भारत की ग्लोबल साउथ नीति के तहत लैटिन अमेरिकी देशों के साथ संबंधों को और सशक्त करने की पहल का हिस्सा है। अर्जेंटीना, इस रणनीति में एक प्रमुख सहयोगी के रूप में उभर रहा है।
विश्लेषकों का मानना है कि यह बधाई संदेश न केवल सौहार्द का प्रतीक है, बल्कि आने वाले समय में नए द्विपक्षीय समझौतों और साझेदारी के अवसरों का मार्ग भी प्रशस्त कर सकता है।

