भारत और इंग्लैंड के बीच खेले जाने वाले पांचवें टेस्ट मैच से पहले एक नया विवाद सामने आया है। टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर और ओवल मैदान के क्यूरेटर ली फोर्टिस के बीच पिच को लेकर गर्मागर्म बहस हुई। इस मुद्दे ने क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी है। अब इस पूरे विवाद पर पूर्व भारतीय ऑलराउंडर इरफान पठान ने भी अपनी तीखी प्रतिक्रिया दी है।
इरफान पठान ने कहा कि अगर कोई अंग्रेज़ कोच या खिलाड़ी पिच को लेकर सवाल उठाए, तो वह ‘पेशेवर रवैया’ कहलाता है। लेकिन अगर वही बात कोई भारतीय करता है, तो उसे ‘अशोभनीय व्यवहार’ कहा जाता है। उन्होंने इस दोहरे मापदंड पर नाराजगी जताते हुए सवाल उठाया कि आखिर भारतीयों के साथ ऐसा भेदभाव क्यों? दरअसल, गौतम गंभीर ने ओवल की पिच की स्थिति पर असंतोष जताते हुए क्यूरेटर से बहस की थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्हें लग रहा था कि पिच जानबूझकर इंग्लैंड के फायदेमंद तरीके से तैयार की जा रही है। गंभीर ने यह बात पिच पर घास की मोटाई और उछाल को लेकर कही थी। उन्होंने मैदान स्टाफ से पिच को थोड़ा संतुलित रखने की अपील की थी।
इरफान पठान का कहना है कि कोच का काम ही टीम के हित में बात करना होता है। अगर गंभीर ने पिच को लेकर सवाल उठाया, तो इसमें कुछ गलत नहीं है। यह उनका अधिकार है। उन्होंने कहा कि मैदान के हालात और पिच की प्रकृति पर चर्चा करना क्रिकेट का हिस्सा है, ना कि कोई अपराध।
भारत और इंग्लैंड के बीच पांचवां और आखिरी टेस्ट 31 जुलाई से लंदन के केनिंग्टन ओवल स्टेडियम में खेला जाएगा। ऐसे में पिच को लेकर चल रही बहस ने मैच से पहले माहौल गर्म कर दिया है। देखना दिलचस्प होगा कि पिच पर किस टीम को ज्यादा फायदा मिलता है और क्या यह विवाद आगे भी बढ़ेगा।

