बेंगलुरु का मशहूर एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम एक बार फिर सुर्खियों में है। यह वही मैदान है जहां भारतीय क्रिकेट के कई यादगार मुकाबले खेले गए हैं। लेकिन पिछले कुछ महीनों से यहां सन्नाटा पसरा हुआ है। वजह है – चार जून को हुए दर्दनाक हादसे में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के 11 प्रशंसकों की जान चली गई थी। इसके बाद से इस स्टेडियम में कोई भी बड़ा मैच आयोजित नहीं किया गया।
अब जब अगले महीने आईसीसी महिला विश्व कप के मुकाबले यहां होने वाले हैं, तो उन पर भी खतरा मंडराने लगा है।
पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज वेंकटेश प्रसाद ने बुधवार को बड़ा कदम उठाया। उन्होंने अपने 16 सदस्यीय पैनल का घोषणापत्र जारी करते हुए यह साफ कर दिया कि वे आगामी कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (KSCA) के चुनाव लड़ेंगे। माना जा रहा है कि यह चुनाव अक्टूबर या नवंबर में होंगे क्योंकि मौजूदा अध्यक्ष रघुराम भट और उनकी टीम का कार्यकाल 30 सितंबर को पूरा हो रहा है।
- चिन्नास्वामी स्टेडियम की खोई हुई प्रतिष्ठा को वापस लाना
- स्टेडियम में जल्द से जल्द अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट कराना
- राज्य सरकार से मिलकर सुरक्षा और सुविधाओं को बेहतर बनाना
उन्होंने यह भी माना कि बेंगलुरु का यह प्रतिष्ठित स्टेडियम पिछले 50 सालों से भारतीय क्रिकेट का अहम हिस्सा रहा है और पहली बार ऐसा हुआ है कि अंतरराष्ट्रीय मुकाबले यहां से बाहर भेज दिए गए।
बेंगलुरु और पूरे कर्नाटक के क्रिकेट फैंस के लिए यह खबर राहत की तरह है। सभी चाहते हैं कि चिन्नास्वामी स्टेडियम फिर से पहले जैसा चमकदार और क्रिकेट का गढ़ बने। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि प्रसाद और उनकी टीम चुनाव जीतकर इस मैदान में क्रिकेट की वापसी सुनिश्चित कर पाते हैं या नहीं।

