
क्या हटेगा?
सड़क की सीमा में आ रही दुकानें, ठेले और अन्य अवैध निर्माण हटाए जाएंगे। इसका मकसद सड़क मार्ग को साफ-सुथरा और यातायात व्यवस्था को सुगम बनाना है।
पहले दी गई थी चेतावनी
पुलिस महानिरीक्षक कैलाश बिश्नोई ने बताया कि पिछले 7 दिनों से अतिक्रमणकारियों को चेतावनी दी जा रही थी। मुनादी और समझाइश के ज़रिए लोगों से स्वेच्छा से अतिक्रमण हटाने की अपील की गई थी। अब समय सीमा पूरी होने पर सोमवार को कार्रवाई की जाएगी।
कौन-कौन रहेगा मौजूद?
इस अभियान के दौरान स्थानीय पुलिस और जेडीए की टीमें पूरी सुरक्षा व्यवस्था के साथ मौजूद रहेंगी।
इससे पहले की गई कार्रवाई
शनिवार को जेडीए ने आमेर क्षेत्र में एक बीघा सरकारी जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया। साथ ही कालवाड़ रोड पर बन रही दो अवैध कॉलोनियों को तोड़ा गया। इस दौरान ग्रेवल और मिट्टी की सड़कें और भूखंडों की बाउंड्री वॉल भी गिरा दी गई।
निष्कर्ष:
जेडीए का यह अभियान जयपुर में अतिक्रमण रोकने और यातायात सुधारने के लिए चलाया जा रहा है। लोगों से अपील है कि वे खुद ही अतिक्रमण हटाएं, ताकि मजबूरी में कार्रवाई ना करनी पड़े।
