
इस मामले में पुलिस ने मीठालाल गुर्जर (40) को गिरफ्तार किया है। आरोपी निवाई के काली का बाग रोड का रहने वाला है। वह नामी कंपनियों के नकली लेबल लगाकर घी को बाजार में बेचता था, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया।
नामी ब्रांड के नाम पर बेचता था नकली घी
पुलिस की कार्रवाई के दौरान सरस डेयरी के नाम से नकली घी मिलने की जानकारी मिली। इसके बाद टोंक डेयरी के अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच की। जांच में सरस ब्रांड के नाम पर नकली घी सप्लाई होने की पुष्टि हुई। इसके बाद आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया।
जयपुर डेयरी की टीम भी पहुंची
कार्रवाई के दौरान जयपुर सरस डेयरी के नाम वाले पैकेट भी मिले। इसकी सूचना जयपुर डेयरी अधिकारियों को दी गई। बाद में उनकी टीम भी निवाई पहुंची और पुलिस को शिकायत दी।
बड़ी मात्रा में सामान बरामद
छापे के दौरान पुलिस को नकली घी बनाने और पैकिंग से जुड़ा काफी सामान मिला। इनमें शामिल हैं:
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लोटस ब्रांड के 14 टिन
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सरस ब्रांड के 3 टिन
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27 टिन पॉम ऑयल
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1 किलो पैकिंग के 48 डिब्बे
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आधा किलो पैकिंग के 21 डिब्बे
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गोपीकृष्ण और श्रीमूल ब्रांड के कई पैकेट और टिन
नकली पैकिंग का पूरा नेटवर्क सामने आया
पुलिस को मौके से 47 पैकिंग कार्टन, 63 सरस घी के लेबल, 25 आईएसआई मार्क लेबल, 60 एगमार्क सील और कई टिन के ढक्कन भी मिले। इनका इस्तेमाल नकली घी की पैकिंग और बाजार में सप्लाई के लिए किया जा रहा था।
सैंपल जांच के लिए भेजे जाएंगे
नकली घी मिलने की सूचना पर स्वास्थ्य विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। खाद्य निरीक्षक ने घी के सैंपल लेकर जांच के लिए सरकारी लैब में भेज दिए हैं।
रोज 500 किलो नकली घी सप्लाई
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह टोंक शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों में दुकानों, शादी समारोह, यज्ञ और धार्मिक कार्यक्रमों में रोज करीब 500 किलो नकली घी सप्लाई करता था। पुलिस ने आरोपी से 45 हजार रुपये नकद भी बरामद किए हैं।
एसपी के निर्देश पर कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार मीना के निर्देश पर डीएसटी प्रभारी ओमप्रकाश के नेतृत्व में की गई। पुलिस को लंबे समय से नकली घी बेचकर लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने की शिकायतें मिल रही थीं। अब पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।
