देश में अपहरण के मामलों ने बढ़ाई चिंता
70 साल में 20 लाख किडनैपिंग, पिछले एक दशक में ही 11 लाख केस दर्ज
देश में अपहरण के बढ़ते मामलों ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आंकड़ों के अनुसार, पिछले 70 वर्षों में देशभर में करीब 20 लाख अपहरण के मामले दर्ज किए गए। चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से लगभग 11 लाख मामले सिर्फ पिछले एक दशक में सामने आए हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, कुल अपराधों में अपहरण की हिस्सेदारी पहले के मुकाबले लगभग तीन गुना तक बढ़ गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि महिलाओं और नाबालिगों से जुड़े मामलों में तेजी से बढ़ोतरी इसकी बड़ी वजह है।
आंकड़ों के अनुसार, कई मामलों में प्रेम संबंध, जबरन शादी, मानव तस्करी, फिरौती और पारिवारिक विवाद जैसी वजहें सामने आई हैं। बड़े शहरों के साथ-साथ छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों में भी ऐसे मामलों में लगातार वृद्धि दर्ज की गई है।
सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि सोशल मीडिया, ऑनलाइन संपर्क और कमजोर निगरानी व्यवस्था ने अपराधियों को नए तरीके दिए हैं। वहीं पुलिस अधिकारियों का दावा है कि अब शिकायत दर्ज कराने की जागरूकता बढ़ने से भी केसों की संख्या ज्यादा दिखाई दे रही है।
बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर कई राज्यों में विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं, लेकिन लगातार बढ़ते आंकड़े सरकार और सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं। देशभर में अब कड़े कानून, तेज जांच और डिजिटल ट्रैकिंग सिस्टम की मांग भी तेज हो गई

