
कटी फसल और चारे को नुकसान
कई किसानों ने फसल काटकर खेतों में सुखाने के लिए रखी थी, लेकिन अचानक बारिश से फसल पूरी तरह भीग गई। इससे अनाज की चमक कम हो सकती है और सही दाम नहीं मिल पाएंगे। साथ ही पशुओं के चारे (तूड़ी) को भी नुकसान हुआ है।
अभी 30% फसल खेतों में
अलवर जिले में करीब 30 प्रतिशत फसल अभी भी खेतों में है। भीगी फसल में फफूंद लगने और दाने खराब होने का खतरा बढ़ गया है। कृषि विभाग का कहना है कि सही नुकसान का पता सर्वे के बाद ही चलेगा।
मौसम ठंडा, लेकिन चिंता बढ़ी
बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली है, लेकिन किसानों की चिंता बढ़ गई है। सुबह ठंडी हवा चली और दिन में हल्की धूप रही, लेकिन शाम को फिर बादल छा गए।
धूप का इंतजार
किसान अब तेज धूप का इंतजार कर रहे हैं ताकि फसल को सुखाकर और नुकसान से बचाया जा सके। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक बादल बने रह सकते हैं।
लगातार बदलते मौसम ने किसानों की मेहनत पर असर डाला है और उन्हें आर्थिक नुकसान का डर सता रहा है।
