नई दिल्ली/न्यूयॉर्क: हाल ही में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए चार दिवसीय सैन्य संघर्ष को लेकर न्यूयॉर्क टाइम्स ने एक विस्तृत रिपोर्ट प्रकाशित की है, जिसमें भारत को इस संघर्ष में रणनीतिक और सैन्य बढ़त मिलने की बात कही गई है। अखबार ने उपग्रह चित्रों के हवाले से दावा किया है कि भारत के हमलों ने पाकिस्तान के कई महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों को गंभीर क्षति पहुंचाई है।
परमाणु संपन्न देशों के बीच दशकों की सबसे बड़ी भिड़ंत
रिपोर्ट के अनुसार, भारत और पाकिस्तान के बीच हुआ यह टकराव पिछले पचास वर्षों में दो परमाणु संपन्न देशों के बीच सबसे बड़ा और व्यापक सैन्य संघर्ष था। उपग्रह से प्राप्त उच्च-रिजॉल्यूशन तस्वीरों में यह साफ देखा गया है कि भारत के हवाई हमलों से पाकिस्तान के एयरबेस और अन्य रक्षा संरचनाओं को व्यापक नुकसान हुआ है।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ और सटीक हमले
भारत ने 7 मई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया था, जो 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले का जवाब था। उस आतंकी हमले में 26 लोगों की जान गई थी, जिनमें अधिकतर पर्यटक थे। इस अभियान के तहत भारत ने न केवल आतंकी ठिकानों को नष्ट किया बल्कि पाकिस्तान के कई सामरिक एयरबेस जैसे भोलारी, नूर खान और सरगोधा को भी निशाना बनाया।
भोलारी और नूर खान एयरबेस को नुकसान
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट बताती है कि कराची से लगभग 100 किलोमीटर दूर स्थित भोलारी एयरबेस पर एक विमान हैंगर को निशाना बनाया गया, जिसकी उपग्रह तस्वीरों में स्पष्ट क्षति दिखती है। वहीं, नूर खान एयरबेस—जो पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद के बेहद करीब और परमाणु शस्त्रागार की निगरानी करने वाली इकाइयों के पास स्थित है—पर भी हमले की पुष्टि की गई है।
रडार और रनवे को बनाया गया लक्ष्य
भारतीय सेना ने बताया कि उन्होंने पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के सरगोधा एयरबेस में रनवे के दो हिस्सों पर सटीक हमले किए। इसके अलावा पसरूर और सियालकोट में स्थित रडार स्थलों को भी क्षतिग्रस्त किया गया। न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट में 10 मई को जारी एक नोटिस का जिक्र है, जिसमें पाकिस्तान ने रहीम यार खान एयरपोर्ट को रनवे निष्क्रिय होने के कारण बंद बताया।
पाकिस्तान का दावा खारिज
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि पाकिस्तानी सेना द्वारा भारत के उधमपुर एयरबेस को निशाना बनाने के दावे को उपग्रह चित्रों से पुष्टि नहीं मिली। 12 मई की तस्वीरों में वहां कोई खास नुकसान नहीं देखा गया।

