मेलबर्न / मोरवेल:
ऑस्ट्रेलिया की चर्चित ‘मशरूम मर्डर’ केस में आरोपी एरिन पैटरसन ने दावा किया है कि जिस जहरीले खाने से तीन मेहमानों की मौत हुई, उसी भोजन को खाने के बाद वह खुद भी बीमार पड़ी थीं।
उनके वकील ने गुरुवार को अदालत में कहा कि पैटरसन को भी अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था, और उनके टेस्ट में ऐसे लक्षण पाए गए जो “नकली नहीं हो सकते।”
क्या था मामला?
50 वर्षीय एरिन पैटरसन पर अपने अलग रह रहे पति के माता-पिता और एक रिश्तेदार की हत्या का आरोप है। दावा किया गया है कि उन्होंने बीफ वेलिंगटन नाम के व्यंजन में ‘डेथ कैप’ नामक जहरीले मशरूम मिलाए थे।
तीनों मेहमान — डॉन और गेल पैटरसन (सास-ससुर), और हीदर विल्किंसन (चाची) — भोजन के कुछ दिनों के भीतर मर गए।
चौथे अतिथि, इयान विल्किंसन, जो हीदर के पति हैं, वे भी गंभीर रूप से बीमार हुए, लेकिन समय रहते ठीक हो गए।
बचाव पक्ष की दलील: “इरादा नहीं था”
बचाव पक्ष के वकील कॉलिन मंडी ने कहा कि उनकी मुवक्किल भी उसी भोजन से बीमार हुई थीं, और उनके मेडिकल टेस्ट में पोटैशियम की कमी और हीमोग्लोबिन का स्तर बढ़ा हुआ पाया गया, जिसे ‘नकली नहीं किया जा सकता।’
उन्होंने कहा,
“वो बाकी मेहमानों जितनी बीमार नहीं हुई थीं, और उन्होंने ऐसा दावा भी नहीं किया।”
बचाव पक्ष ने यह भी स्वीकार किया कि पैटरसन ने घटना के बाद झूठ बोला था, लेकिन वह “घबराहट में” था।
“उसे डर था कि अगर यह बात सामने आई कि खाने में जंगल से लाए मशरूम थे, तो लोग उसे दोषी ठहराएंगे।”
वकील ने यह भी कहा कि
“वो यह नहीं कह रही थीं कि झूठ बोलना सही था, लेकिन इसका यह मतलब नहीं कि उनका हत्या करने का इरादा था।”
पति को भी बुलाया था, पर…
एरिन ने यह भोजन अपने पति साइमन पैटरसन को भी आमंत्रित कर बनाया था, लेकिन उन्होंने आखिरी वक्त में आने से मना कर दिया।
पैटरसन दंपती अलग रह रहे थे, लेकिन अब भी कानूनी रूप से पति-पत्नी थे।
साइमन के माता-पिता और रिश्तेदारों ने खाना खाया और कुछ ही दिनों में उनकी मौत हो गई।
अंतिम चरण में है सुनवाई
यह मुकदमा विक्टोरिया राज्य के मोरवेल शहर की अदालत में चल रहा है और अब अपने अंतिम चरण में है।
यह मामला ऑस्ट्रेलिया से लेकर अंतरराष्ट्रीय मीडिया में सुर्खियों में बना हुआ है।

