
प्रयागराज में महाकुंभ के दौरान मौनी अमावस्या पर शाही स्नान के लिए लाखों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। इस कारण यात्रा में भारी दिक्कतें हो रही हैं। ट्रेनों में सीटें नहीं मिल रही हैं, फ्लाइट के किराए आसमान छू रहे हैं, और बसों पर निर्भरता बढ़ गई है।
ट्रेनों में नो रूम की स्थिति
29 जनवरी को मौनी अमावस्या के लिए लखनऊ से प्रयागराज जाने वाली प्रमुख ट्रेनों में टिकट मिलना मुश्किल है:
- बरेली-प्रयागराज एक्सप्रेस: स्लीपर पूरी बुक, थर्ड एसी में 95 वेटिंग, सेकेंड एसी में 43 वेटिंग।
- नौचंदी एक्सप्रेस: स्लीपर और एसी बुक, फर्स्ट एसी में 7 वेटिंग।
- लखनऊ-प्रयागराज इंटरसिटी: चेयरकार में 100 वेटिंग।
- गंगा गोमती एक्सप्रेस: चेयरकार में 87 वेटिंग।
तत्काल कोटे में भी निराशा
तत्काल कोटे में भी सीटें उपलब्ध नहीं हैं। यात्रियों को वेटिंग टिकट ही मिल रहे हैं।
फ्लाइट के किराए आसमान पर
- सीधी फ्लाइट का किराया ₹10,742 तक पहुंच गया है।
- कनेक्टिंग फ्लाइट्स का किराया ₹33,693 तक हो गया है।
185 रोडवेज बसों से राहत की उम्मीद
- ट्रेनों और फ्लाइट में जगह न मिलने के कारण श्रद्धालु रोडवेज बसों का सहारा ले रहे हैं।
- कमता, आलमबाग, कैसरबाग और चारबाग से 185 बसें चलेंगी।
- भीड़भाड़ के कारण यात्रियों को समय पर पहुंचने के लिए पहले निकलने की सलाह दी गई है।
महाकुंभ में स्नान का महत्व
मौनी अमावस्या पर गंगा स्नान को पवित्रता और मोक्ष का प्रतीक माना जाता है। इस आयोजन में देशभर से श्रद्धालु हिस्सा ले रहे हैं।
यात्रा के लिए सुझाव
- समय पर निकलें।
- ऑनलाइन टिकट पहले से बुक करें।
- सार्वजनिक वाहनों का अधिक उपयोग करें।
- यात्रा के दौरान अपनी सुरक्षा का ध्यान रखें।
