
आज निकलेगी विशाल कलश यात्रा
सोमवार को बीकानेर शहर में विशाल कलश यात्रा निकाली जाएगी। यह यात्रा दोपहर 1 बजे महापड़ाव स्थल से शुरू होकर केईएम रोड होते हुए कोटगेट तक जाएगी। इसमें बड़ी संख्या में महिलाएं कलश लेकर शामिल होंगी और खेजड़ी बचाने तथा सख्त कानून बनाने की मांग उठाएंगी।
अनशन और महापड़ाव जारी
बीकानेर जिला कलेक्ट्रेट के सामने खेजड़ी बचाओ महापड़ाव सातवें दिन भी जारी रहा। करीब 150 लोगों ने क्रमिक अनशन शुरू किया। धरना स्थल पर दिनभर भजन-कीर्तन और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यक्रम होते रहे।
सरकार पर बढ़ा दबाव
मुकाम में जल्द ही अमावस्या मेला होने वाला है, जिसमें हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं। आंदोलन के चलते प्रशासन की चिंता बढ़ गई है और जयपुर तक हलचल तेज हो गई है। इसी बीच संत समाज के प्रतिनिधिमंडल को जयपुर बुलाया गया, जहां सरकार और संतों के बीच बातचीत हुई। इससे समाधान निकलने की उम्मीद जगी है।
कटाई जारी रहने से नाराजगी
राज्य मंत्री की ओर से खेजड़ी की कटाई नहीं होने देने के आश्वासन के बावजूद कटाई की शिकायतें मिल रही हैं। इसी कारण आंदोलनकारियों का आक्रोश बना हुआ है और दबाव लगातार बढ़ रहा है।
बच्चों और महिलाओं की बढ़ी भागीदारी
धरना स्थल पर महिलाओं, बच्चों और पर्यावरण प्रेमियों की बड़ी संख्या में भागीदारी देखने को मिली। भजन, प्रवचन और कविताओं के जरिए लोगों में जागरूकता फैलाई गई। “जागो जागो बिश्नोई भायां, संकट में उभी माता खेजड़ी” जैसे नारों और पंक्तियों से आंदोलन को नई ऊर्जा मिली।
आंदोलनकारियों की मांग
आंदोलनकारियों की साफ मांग है कि खेजड़ी की कटाई तुरंत रोकी जाए और इसके संरक्षण के लिए कड़ा कानून लागू किया जाए। उनका कहना है कि जब तक ठोस कदम नहीं उठाए जाते, आंदोलन जारी रहेगा।
