
घर पहुंचकर होगा सत्यापन
विभाग ने सभी जिला कलेक्टरों को निर्देश दिए हैं कि विशेष अभियान चलाकर फील्ड कार्मिकों से पेंशनर्स का भौतिक सत्यापन करवाया जाए। जिन पेंशनर्स का फिंगरप्रिंट, फेस रिकग्निशन या आरडी ऐप से सत्यापन नहीं हो पा रहा है, उनका ओटीपी के माध्यम से 100 प्रतिशत सत्यापन किया जाएगा।
जयपुर में सबसे ज्यादा पेंशनर्स का सत्यापन बाकी
आंकड़ों के अनुसार सबसे बड़ी समस्या जयपुर जिले में है, जहां 1,38,994 पेंशनर्स का सत्यापन अब तक नहीं हुआ है।
इनमें:
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राज्य योजनाओं के: 1,32,154 पेंशनर्स
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केंद्र योजनाओं के: 6,840 पेंशनर्स
राज्य योजनाओं में वृद्धजन, एकल नारी, विशेष योग्यजन और कृषक वृद्धजन शामिल हैं, जबकि केंद्र योजनाओं में वृद्ध, विधवा और दिव्यांग पेंशनर्स हैं।
अन्य जिलों में भी बड़ी संख्या
31 जनवरी तक जिन जिलों में सबसे ज्यादा सत्यापन बाकी है, वे इस प्रकार हैं:
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जयपुर – 1,38,994
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जालोर – 66,880
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जैसलमेर – 66,880
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जोधपुर – 66,053
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नागौर – 59,669
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भीलवाड़ा – 55,219
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सीकर – 52,566
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चित्तौड़गढ़ – 51,104
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पाली – 50,481
सरकार की अपील
सरकार ने पेंशनर्स से अपील की है कि वे सत्यापन में सहयोग करें, ताकि उनकी पेंशन समय पर मिलती रहे। जिन लोगों को तकनीकी परेशानी आ रही है, उनके लिए अब फील्ड स्टाफ खुद पहुंचकर सत्यापन करेगा, जिससे किसी की पेंशन न रुके।
