Site icon CHANNEL009

राजस्थान विधानसभा में हंगामे के बीच तीन बिल पारित, कांग्रेस ने किसानों के मुआवजे की मांग की

राजस्थान विधानसभा के मानसून सत्र में गुरुवार को भारी बारिश से फसलों के नुकसान का मुद्दा प्रमुख रूप से उभरा। कांग्रेस विधायकों ने इस पर सरकार को घेरते हुए जमकर हंगामा किया और किसानों के लिए मुआवजे की मांग की।

कांग्रेस का हंगामा और मुआवजे की मांग

कांग्रेस विधायकों ने शून्यकाल के दौरान अतिवृष्टि से फसलों को हुए नुकसान का मुद्दा उठाया। विधायक अमित चाचाण और नरेन्द्र बुडानिया ने कहा कि बारिश से लाखों एकड़ फसलें बर्बाद हो चुकी हैं, लेकिन सरकार ने अब तक कोई कदम नहीं उठाया। बुडानिया ने तंज कसते हुए कहा कि सरकार हेलिकॉप्टर में घूम रही है, लेकिन किसानों के हालात पर कोई ध्यान नहीं दे रही।

नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने भी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि किसानों की दो-दो फसलें खराब हो चुकी हैं, लेकिन अभी तक गिरदावरी के आदेश तक नहीं दिए गए। उन्होंने कहा, “मैं बहरी सरकार को सुनाने के लिए जोर-जोर से बोल रहा हूं।”

आपदा राहत मंत्री का जवाब

इस पर आपदा राहत मंत्री डॉ. किरोड़ीलाल मीणा ने कहा कि सरकार सभी पीड़ितों को मुआवजा देगी और इस समय सर्वे का काम चल रहा है। उन्होंने बताया कि 1 अगस्त से गिरदावरी शुरू हो चुकी है और 22 जिलों में भारी बारिश हुई है। साथ ही, उन्होंने कहा कि सरकार ने 193 मौतों के बाद पीड़ितों को मुआवजा दिया है।

विधानसभा में हंगामा और तीन बिलों का पारित होना

कांग्रेस विधायकों ने हंगामा करते हुए वेल में आकर नारेबाजी शुरू कर दी, जिससे कार्यवाही में बाधा आई। स्पीकर ने विधायकों से शांत रहने की अपील की, लेकिन उनका विरोध जारी रहा। इसके बावजूद, तीन महत्वपूर्ण बिल पारित हो गए:

  1. राजस्थान माल और सेवा कर (GST) द्वितीय संशोधन विधेयक-2025

  2. कारखाना राजस्थान संशोधन विधेयक-2025

  3. कोचिंग रेगुलेशन विधेयक-2025

कोचिंग बिल की अहमियत

गौरतलब है कि कोचिंग रेगुलेशन विधेयक-2025 को पारित किया गया है, जिसका उद्देश्य कोचिंग संस्थानों की निगरानी और संचालन को नियंत्रित करना है। इस विधेयक में कोचिंग संस्थानों के रजिस्ट्रेशन, फीस वापसी, जुर्माना और संपत्ति जब्ती जैसे प्रावधान शामिल किए गए हैं।

कांग्रेस का प्रदर्शन

इससे पहले, कांग्रेस ने विधानसभा परिसर में मुआवजे की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। टीकाराम जूली ट्रैक्टर चलाकर विधानसभा के वेस्टर्न गेट पर पहुंचे, लेकिन सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें अंदर प्रवेश करने से रोक दिया।


इस हंगामे और प्रदर्शन के बावजूद, विधानसभा में तीन महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए, और कार्यवाही को 8 सितंबर तक स्थगित कर दिया गया।

Exit mobile version