
इस बैठक में आयुक्त ने लेटलतीफी करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के संकेत दिए। उन्होंने जोन के वार्डों में सफाई, पेयजल आपूर्ति, और स्ट्रीट लाइटों की स्थिति को सुधारने के निर्देश दिए।
कचना क्षेत्र की पार्षद सुशीला धीवर ने शिकायत की कि उनके वार्ड में कई महीनों से नाली और सड़क निर्माण का काम चल रहा है, लेकिन अब तक पूरा नहीं हुआ। वहीं, पार्षद प्रमोद मिश्रा ने अपने वार्ड के तालाब के गहरीकरण और सौंदर्यीकरण के कार्यों पर चर्चा की।
आयुक्त मिश्रा ने सभी विकास कार्यों की समय सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही, उन्होंने कहा कि जिन ठेकेदारों का काम खराब है, उन्हें ब्लैकलिस्ट किया जाए।
बैठक में जोन के अधिकारियों और पार्षदों के अलावा एमआईसी सदस्य द्रौपती हेमंत पटेल, पार्षद रोहित साहू, गोपेश साहू, धनेश बंजारे, अपर आयुक्त लोककर्म विनोद पाण्डेय, मुख्य अभियंता यूके. धलेन्द्र, और अधीक्षण अभियंता राजेश राठौर भी मौजूद थे। इस दौरान विकास कार्यों की वार्डवार समीक्षा की गई और आयुक्त ने वार्डों में तेजी से राजस्व वसूली अभियान चलाने के निर्देश दिए।
