
संभल जिले के चंदौसी इलाके के वारिस नगर में नगर पालिका की जमीन पर बनी रजा-ए-मुस्तफा मस्जिद को प्रशासन ने अवैध निर्माण मानते हुए बुलडोजर और हाइड्रा मशीन की मदद से गिरा दिया। मस्जिद की करीब 40 फीट ऊंची मीनार को भी सुरक्षित तरीके से हटाया गया।
प्रशासन ने नियमानुसार की कार्रवाई
यह जमीन चंदौसी नगर पालिका की साढ़े 6 बीघा बताई जा रही है, जिस पर मस्जिद सहित 34 अवैध मकान भी बने हुए थे। प्रशासन ने इन सभी निर्माणों को लेकर पहले ही नोटिस जारी कर दिया था।
कब शुरू हुई कार्रवाई?
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20 जून से मस्जिद हटाने की कार्रवाई शुरू की गई थी।
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19 जून को नोटिस की मियाद खत्म हुई थी।
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21 और 22 जून को बुलडोजर चलाया गया और अंत में 22 जून की शाम तक मस्जिद को पूरी तरह गिरा दिया गया।
मीनार को गिराने में बरती गई सावधानी
चूंकि मीनार ऊंची थी और आसपास के मकान नजदीक थे, इसलिए प्रशासन ने बांस-बल्ली की घेराबंदी कर सुरक्षित तरीके से मीनार को गिराया। मस्जिद कमेटी ने भी इस प्रक्रिया में सहयोग किया।
किसी तरह की जनहानि नहीं हुई
एसडीएम विनय कुमार मिश्रा और सीओ अनुज चौधरी पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे। पूरी कार्रवाई शांतिपूर्वक और सुरक्षित ढंग से की गई। किसी भी व्यक्ति या आसपास की संपत्ति को कोई नुकसान नहीं पहुंचा।
बाकी अवैध मकानों पर भी होगी कार्रवाई
प्रशासन ने बताया है कि मस्जिद के अलावा जो 34 अवैध मकान नगर पालिका की जमीन पर बने हैं, उन पर भी जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।
मस्जिद हटाने में हुई देरी
पहली बार जब शनिवार को बुलडोजर चलाया गया, तो मस्जिद कमेटी के कहने पर दोपहर 2 बजे तक कार्रवाई रोकी गई थी। बाद में मलबा हटाने का काम शुरू हुआ और शाम तक मस्जिद का बाकी हिस्सा भी गिरा दिया गया।
प्रशासन का साफ बयान
प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई पूरी तरह से कानूनी प्रक्रिया और पहले से दी गई सूचना के तहत की गई है।
