हज यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के प्रयास में सऊदी अरब सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मक्का के प्रशासन ने जानकारी दी है कि 2,69,678 लोगों को बिना वैध हज परमिट के मक्का में प्रवेश करने से रोक दिया गया। हज के दौरान सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के नियमों का कड़ाई से पालन किया जा रहा है।
बिना परमिट हज पर रोक, $5,000 तक जुर्माना
सऊदी प्रशासन ने चेतावनी दी है कि हज परमिट के बिना मक्का में घुसने की कोशिश करने वालों पर 5,000 अमेरिकी डॉलर तक का जुर्माना लगाया जा सकता है, साथ ही निर्वासन जैसी सख्त कार्रवाई भी की जा सकती है। अधिकारियों के अनुसार, पिछले वर्ष गर्मी के दौरान हुई हज यात्रियों की मौतों में बड़ी संख्या उन लोगों की थी जो बिना वैध अनुमति के आए थे।
400 हज एजेंसियों के लाइसेंस रद्द
नियमों के उल्लंघन पर 23,000 से ज्यादा स्थानीय निवासियों पर जुर्माना लगाया गया है। इसके अलावा 400 हज सेवा प्रदाताओं के लाइसेंस रद्द किए गए हैं, जिन पर गैरकानूनी तरीके से यात्रियों को हज पर भेजने का आरोप है।
केवल वैध परमिट धारकों को ही प्रवेश
सरकार ने दोहराया कि हज यात्रा में सिर्फ उन्हीं लोगों को भाग लेने की अनुमति दी जाएगी, जिनके पास आधिकारिक परमिट है, चाहे वे साल भर से सऊदी अरब में रह रहे हों या नहीं। यह सख्ती इसलिए बरती जा रही है ताकि हज यात्रा के दौरान भीड़ नियंत्रित की जा सके और किसी भी तरह की अव्यवस्था से बचा जा सके।
14 लाख हज यात्री मक्का पहुंच चुके
आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक अब तक करीब 14 लाख हज यात्री मक्का पहुंच चुके हैं और आने वाले दिनों में यह संख्या और बढ़ने की संभावना है। ऐसे में अधिकारियों ने साफ किया है कि किसी भी सूरत में अनधिकृत प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।

