क्या फिर लौटेगा 149 साल पहले जैसा मौसम संकट?
अल-नीनो को लेकर बढ़ी चिंता, सूखा-बाढ़ और तबाही की आशंका
दुनियाभर में मौसम को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। वैज्ञानिकों और मौसम विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि अल-नीनो का असर इस बार बेहद गंभीर हो सकता है। आशंका जताई जा रही है कि इसकी वजह से कई देशों में सूखा, बाढ़ और मौसम से जुड़ी बड़ी तबाही देखने को मिल सकती है।
विशेषज्ञ 149 साल पहले आए भीषण मौसम संकट का भी जिक्र कर रहे हैं, जब अल-नीनो प्रभाव के कारण कई क्षेत्रों में भारी तबाही हुई थी। उस दौर में सूखा, अकाल और बाढ़ जैसी स्थितियों ने करोड़ों लोगों को प्रभावित किया था।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस बार भी अल-नीनो के चलते मानसून कमजोर पड़ सकता है, तापमान सामान्य से ज्यादा रह सकता है और कई इलाकों में असामान्य बारिश देखने को मिल सकती है।
भारत समेत एशिया के कई देशों में खेती, जल संकट और बिजली की मांग पर इसका असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। वहीं कुछ क्षेत्रों में अत्यधिक बारिश और बाढ़ का खतरा भी बढ़ सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग के कारण मौसम की घटनाएं पहले से ज्यादा तीव्र होती जा रही हैं। ऐसे में सरकारों और लोगों को पहले से तैयारी करने की जरूरत है।

