दीर अल-बलाह/गाजा, 24 जून 2025 — जब इजरायल और ईरान के बीच जंग पूरी दुनिया की नजरों में है, उसी समय गाजा पट्टी में इजरायली सेना की कार्रवाई ने फिर एक बार मानवता को झकझोर दिया है। मंगलवार सुबह, गाजा के मध्य हिस्से में सहायता ट्रकों का इंतजार कर रही भीड़ पर इजरायली टैंकों और ड्रोन से की गई गोलीबारी में 25 लोगों की मौत हो गई और 146 लोग घायल हुए।
🛑 गोलियां, ड्रोन और चीखें
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि नुसेरात रिफ्यूजी कैंप के पास जब सैकड़ों फलस्तीनी नागरिक खाद्य और राहत सामग्री वाले ट्रकों की ओर बढ़ रहे थे, तभी इजरायली सेना ने फायरिंग शुरू कर दी।
“यह सिर्फ हमला नहीं था, यह नरसंहार था,” – अहमद हलावा, प्रत्यक्षदर्शी
एक अन्य व्यक्ति हुसैम अबु शहादा ने बताया कि आसमान में ड्रोन मंडरा रहे थे, जिन्होंने पहले भीड़ की मॉनिटरिंग की और फिर टैंकों से एक साथ फायरिंग शुरू हुई।
📉 हालात गंभीर, 62 की स्थिति नाजुक
घायलों में से 62 लोगों की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। उन्हें मध्य गाजा के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। अल-अवदा हॉस्पिटल और दीर अल-बलाह मेडिकल सेंटर में घायलों का इलाज जारी है।
इजरायल की ओर से इस हमले पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
📊 अब तक का विनाश
गाजा में स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार:
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56,000 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं
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1 लाख से ज्यादा घायल
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अक्टूबर 2023 के हमास हमले के बाद से यह संघर्ष लगातार जारी है
इजरायल ने यह सैन्य अभियान तब शुरू किया था, जब 7 अक्टूबर 2023 को हमास ने दक्षिणी इजरायल पर हमला कर दिया था, जिसमें 1,200 लोग मारे गए और 251 को बंधक बना लिया गया था।
🤔 सवाल जो बाकी हैं…
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क्या यह हमला संघर्ष विराम के नियमों का उल्लंघन है?
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क्या गाजा में राहत की उम्मीद रखने वालों को अब सिर्फ गोलियां मिलेंगी?
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क्या अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस पर चुप रहेगा?

