5 देशों के दौरे से लौटे पीएम मोदी, ऊर्जा और क्रिटिकल मिनरल्स पर अहम समझौते
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 5 देशों के दौरे से लौट आए हैं। इस यात्रा के दौरान भारत ने ऊर्जा सुरक्षा, क्रिटिकल मिनरल्स, रक्षा सहयोग, निवेश और तकनीकी साझेदारी जैसे कई अहम क्षेत्रों में बातचीत और समझौते किए।
दौरे की सबसे बड़ी उपलब्धियों में UAE के साथ ऊर्जा सहयोग को माना जा रहा है। जानकारी के अनुसार, UAE भारत के तेल रिजर्व को मजबूत करने में सहयोग करेगा। इससे भविष्य में कच्चे तेल की आपूर्ति और आपात स्थिति में ऊर्जा सुरक्षा को मजबूती मिल सकती है।
नीदरलैंड्स के साथ क्रिटिकल मिनरल्स को लेकर बातचीत आगे बढ़ी है। ये मिनरल्स इलेक्ट्रिक वाहनों, सेमीकंडक्टर, बैटरी, सोलर पैनल और हाई-टेक इंडस्ट्री के लिए बेहद जरूरी माने जाते हैं। भारत अपनी सप्लाई चेन को चीन जैसे देशों पर निर्भरता कम करने की दिशा में मजबूत करना चाहता है।
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से भी पीएम मोदी की मुलाकात चर्चा में रही। दोनों देशों के बीच व्यापार, रक्षा, टेक्नोलॉजी और निवेश को लेकर सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया गया। भारत और इटली के रिश्ते पिछले कुछ वर्षों में तेजी से मजबूत हुए हैं।
इस दौरे में भारत ने ग्लोबल साउथ, ऊर्जा सुरक्षा, व्यापारिक साझेदारी और रणनीतिक सहयोग जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। विदेश नीति के जानकारों का मानना है कि यह यात्रा भारत की वैश्विक भूमिका को और मजबूत करने वाली साबित हो सकती है।
कुल मिलाकर, पीएम मोदी का यह 5 देशों का दौरा भारत के लिए ऊर्जा, खनिज, निवेश और कूटनीतिक रिश्तों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आने वाले समय में इन समझौतों का असर भारत की इंडस्ट्री, टेक्नोलॉजी और आर्थिक सुरक्षा पर दिख सकता है।

