नई दिल्ली: कई लोग रातभर फास्टिंग के बावजूद सुबह ब्लड शुगर लेवल हाई आने की समस्या से जूझ रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, यह स्थिति आम होती जा रही है और इसके पीछे कई वैज्ञानिक कारण हो सकते हैं।
डॉक्टरों का कहना है कि सुबह के समय शरीर में हार्मोनल बदलाव, जैसे कि कोर्टिसोल और ग्रोथ हार्मोन का बढ़ना, ब्लड शुगर लेवल को प्रभावित कर सकता है। इसे अक्सर “डॉन फिनोमेनन” कहा जाता है, जिसमें शरीर सुबह ऊर्जा के लिए ग्लूकोज रिलीज करता है।
इसके अलावा, देर रात भारी भोजन करना, अनियमित नींद, तनाव और शारीरिक गतिविधि की कमी भी फास्टिंग शुगर के बढ़ने के प्रमुख कारण हो सकते हैं। कुछ मामलों में दवाओं का असर या इंसुलिन रेसिस्टेंस भी जिम्मेदार हो सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि लोग अपने खानपान पर ध्यान दें, नियमित व्यायाम करें और समय-समय पर ब्लड शुगर की जांच करवाते रहें। अगर फास्टिंग शुगर लगातार अधिक आ रही है, तो डॉक्टर से परामर्श लेना जरूरी है।
विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि किसी भी “चमत्कारी इलाज” या अप्रमाणित दावों से बचना चाहिए और केवल वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित तरीकों पर ही भरोसा करना चाहिए।
बढ़ते मामलों के बीच यह जरूरी हो गया है कि लोग जागरूक रहें और सही जानकारी के आधार पर अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखें।

