Breaking News

मुरैना में सफाई व्यवस्था बेहाल, बस्तियों में फैला कचरा, निगम की लापरवाही उजागर

मुरैना:
शहर में सफाई व्यवस्था की हालत खराब होती जा रही है। नगर निगम की अनदेखी की वजह से कई बस्तियों में कचरे के ढेर लगे हुए हैं। जबकि निगम की तरफ से दावा किया जा रहा है कि स्वच्छता रैंकिंग बेहतर करने के लिए लगातार प्रयास हो रहे हैं।

कचरा उठाव में लापरवाही

शहर से हर दिन करीब 140 टन कचरा निकलता है, जिसे टोर-टू-टोर गाड़ियाँ, ट्रैक्टर-ट्रॉली और डंपर के जरिए उठाकर डंपिंग स्थल तक पहुंचाया जाता है। लेकिन कई बस्तियों से कचरा उठाया ही नहीं जा रहा है। इन बस्तियों से लगभग 20 टन कचरा रोजाना जमा हो रहा है, जो खुले में पड़ा रहता है।

नाम का प्लान, जमीन पर नहीं दिखता असर

नगर निगम की ओर से सफाई के नाम पर बड़े-बड़े प्लान और खर्च तो हो रहे हैं, लेकिन जमीन पर स्थिति जस की तस है।

  • दीवार लेखन और प्रचार-प्रसार पर लाखों रुपए खर्च किए जा रहे हैं।

  • लेकिन जनजागरूकता और वास्तविक सफाई पर कोई ठोस काम नहीं हो रहा है।

  • सर्वे टीम के आने पर ही सफाई का काम तेज होता है, बाकी समय लापरवाही बनी रहती है।

क्या कहती है जनता?

  • मधुकर शर्मा टीटू (समाजसेवी): नगर निगम सिर्फ प्लानिंग करता है, काम नहीं करता। अगर थोड़ी भी मेहनत ईमानदारी से हो तो सुधार हो सकता है।

  • रघुवीर राठौर (एडवोकेट): शहर की मुख्य सड़कों पर सफाई हो जाती है, लेकिन अंदर की गलियों और बस्तियों में कचरे के ढेर लगे रहते हैं।

ये सुधार करने की ज़रूरत

  • बस्तियों में डोर-टू-डोर कचरा वाहन नियमित भेजे जाएं।

  • गंदगी की शिकायतों का समय पर हल हो।

  • सीवर लाइन और पानी की पाइप लाइन के काम के बाद सड़कों की मरम्मत हो ताकि वहां कचरा न फैले।

सफाई के लिए निगम के पास क्या संसाधन हैं?

  • 80 वाहन, 10 जेसीबी, 25 ट्रैक्टर-ट्रॉली

  • 45 डोर-टू-डोर गाड़ियाँ

  • 100 कर्मचारी गाड़ी अड्डा पर

  • 600 से अधिक सफाईकर्मी पूरे शहर में तैनात

  • हर महीने लगभग 25-29 लाख रुपए डीजल, 1 लाख मेंटेनेंस और 12 लाख वेतन पर खर्च

नगर निगम का दावा

डॉ. जगदीश टैगोर (स्वास्थ्य अधिकारी): सफाई पर काम चल रहा है। शिकायत मिलने पर तुरंत कार्रवाई की जाती है। स्टाफ को और ज्यादा एक्टिव किया जाएगा।

निष्कर्ष:
नगर निगम की योजनाओं और दावों के बावजूद, शहर की हालत साफ-सफाई के मामले में ठीक नहीं है। जब तक धरातल पर काम नहीं होगा, तब तक स्वच्छता रैंकिंग सुधरना मुश्किल है।

About admin

Check Also

हिमंता दूसरी बार असम के CM:2 बीजेपी और 2 सहयोगी दलों से मंत्री बने, सभी ने असमिया में शपथ ली; मोदी-शाह मौजूद रहे

हिमंता बिस्वा सरमा दूसरी बार बने असम के मुख्यमंत्री बीजेपी और सहयोगी दलों के मंत्रियों …

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Channel 009
help Chat?