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स्कूल चले हम अभियान में लापरवाही पर कलेक्टर की सख्ती

शिक्षकों पर कार्रवाई: दो निलंबित, दो की वेतन वृद्धि रोकी, 29 को नोटिस

जिले में 1 अप्रैल को “स्कूल चले हम” अभियान के तहत प्रवेशोत्सव कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें बच्चों का स्कूलों में प्रवेश कराया गया। अगले दिन “भविष्य से भेंट” कार्यक्रम हुआ। इस दौरान कलेक्टर धरणेन्द्र कुमार जैन और सीईओ जिला पंचायत ने विभिन्न स्कूलों का निरीक्षण किया।

निरीक्षण में एक स्कूल में गंदगी मिली, जबकि दूसरे स्कूल में ताला बंद पाया गया। इस लापरवाही पर कलेक्टर ने दो शिक्षकों को निलंबित करने, प्राचार्य और एक शिक्षक की वेतन वृद्धि रोकने, तथा 29 शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

स्कूलों में मिली कमियां और कार्रवाई

प्राथमिक शाला सस्तरा

  • स्कूल में तीन शिक्षक पदस्थ थे, जिनमें से एक मातृत्व अवकाश पर थी।

  • एक शिक्षक अनुपस्थित पाई गई।

  • बच्चों की उपस्थिति कम थी।

  • मध्यान्ह भोजन में चावल, दाल और सब्जी बनी थी।

  • कलेक्टर ने अनुपस्थित शिक्षक अनीता टोप्पो की वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिए।

शासकीय उमावि पिनौरा

  • स्कूल में गंदगी पाई गई।

  • 29 शिक्षक प्रवेशोत्सव की तैयारी पूरी नहीं कर पाए और बच्चों की उपस्थिति कम रही।

  • प्राचार्य लीला अग्रवाल की वेतन वृद्धि रोकने के आदेश दिए गए।

  • 29 शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।

  • सात अतिथि शिक्षकों में से दो अनुपस्थित पाए गए।

  • कलेक्टर ने बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने, घर-घर संपर्क करने और पढ़ाई शुरू करने के निर्देश दिए।

शासकीय प्राथमिक शाला महुरा

  • स्कूल निरीक्षण के दौरान बंद मिला

  • वहां पदस्थ दो शिक्षकों को निलंबित करने के निर्देश दिए गए।

शासकीय प्राथमिक शाला मसूरपानी

  • सभी शिक्षक उपस्थित थे, लेकिन बच्चों की उपस्थिति कम थी।

  • कलेक्टर ने घर-घर संपर्क कर उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए।

  • छात्रा मधु साहू से किताब पढ़ाकर और पहाड़ा सुनाकर परीक्षा ली गई, जिसमें उसने सही उत्तर दिए।

कलेक्टर का सख्त निर्देश

कलेक्टर ने सभी शिक्षकों को बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने, पढ़ाई शुरू करने, घर-घर संपर्क करने और स्कूलों की सफाई सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए। लापरवाही बरतने वालों पर आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।

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